News

कोटा से आगे निकला बीकानेर ! राजकोट भी दे रहा बच्चों की मौत के मामले में टक्कर

A clear and informative overview of कोटा से आगे निकला बीकानेर ! राजकोट भी दे रहा बच्चों की मौत के मामले में टक्कर, outlining the background, key facts, and essential details you need to know.

Rajasthan- Gujarat Child Deaths: राजस्थान के कोटा में एक ही महीने में 104 बच्चों की मौत से गहलोत सरकार सवालों के घेरे में आ गई है। इस बीच एशिया का सबसे बड़ा अस्पताल कहे जाने वाले अहमदाबाद सिविल हॉस्पिटल में भी पिछले महीने (दिसंबर) में 85 बच्चों की मौत होने से अब वहां की रूपाणी सरकार भी विपक्ष की निशाने पर आ गई है। जबकि इसी सिविल अस्पताल में नवंबर में 74 और अक्टूबर में 94 मौतें हुईं थी। पिछले तीन महीनों 253 बच्चों ने सिविल अस्पताल में अपनी जान गवाईं है। इसके अलावा राजकोट में भी 134 बच्चों की मौत हुई है। बता दें कि राजस्थान (कांग्रेस शासित) और गुजरात (बीजेपी शासित) में दिसंबर में 5 जिलों के अंदर अब तक कुल 500 बच्चों की मौत हो चुकी है।अहमदाबाद और राजकोट में 219 बच्चे की मौत: गौरतलब है कि राजस्थान के बाद बीजेपी शासित गुजरात में भी बच्चों के मरने की खबर सामने आई है। न्यूज 18 की खबर के मुताबिक, अहमदाबाद सिविल अस्पताल में केवल दिसंबर में 85 बच्चों की मौत हुई है। वहीं राजकोट  के एक सरकारी अस्पताल में एक ही महीने में 134 बच्चों की मौत हुई है। गुजरात के इन दो अस्पतालों में मरने वाले बच्चों की संख्या 219 है। जबकि पिछले तीन महीनों में अहमदाबाद के सिविल अस्पताल में 253 बच्चों की मौत हो चुकी है।Hindi News Today, 5 January 2020 LIVE Updates: देश की बड़ी खबरों के लिए यहां क्लिक करें राजस्थान के तीन जिलों में 281 बच्चों की मौत: बता दें कि कांग्रेस शासित राजस्थान के जेके अस्पताल में 111 बच्चों की मौत के बाद राज्य में सियासत गरम हो गई है जबकि यही हाल कोटा के आस -पास के जिलों का है। पिछले एक महीने में बीकानेर जिले में 162 बच्चों की मौत, वहीं कोटा से सटे बूंदी जिले में लगभग 10 बच्चों की मौत हुई है। राजस्थान में इन तीन जगहों पर महीने भर में अब तक कुल 281 बच्चों की मौत हो चुकी है।
डिप्टी सीएम सचिन पायलट ने किया दौरा: बच्चों की मौत का आंकड़ा मीडिया में आने के बाद से जेके अस्पताल में नेताओं का दौरा शुरू हो गया है। शनिवार (4 दिसंबर) को राजस्थान के डिप्टी सीएम सचिन पायलट ने अस्पताल का दौरा किया था। इस दौरान उन्होंने कहा था कि हमें आंकड़ों के जाल में नहीं फंसना है। हमारी सरकार है तो हमे जिम्मेदारी तय करनी होगी। वहीं इससे पहले लोकसभा स्पीकर भी अस्पताल में पहुंचे थे। जबकि केंद्र से मेडिकल टीम भी जेके हॉस्पिटल गई थी।
Source
— (0)

Comments

SociallyKeeda processes your name and comment for public display under our Privacy Policy (DPDP Act 2023). Guest emails are kept confidential and used solely for moderation.

No comments yet — be the first to share your thoughts.

Related Posts

View All

You May Also Like