राष्ट्रीय स्तर पर अलवर के दो प्रतिभाशाली खिलाड़ियों के सम्मानित होने पर सभी ने जताई खुशी
राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण (RSLSA) के तत्वावधान में जयपुर में हुआ आयोजन
राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण (RSLSA) के तत्वावधान में जयपुर में हुआ आयोजन
अलवर। जिला न्याय क्षेत्र के लिए यह अत्यंत गौरव और ऐतिहासिक हर्ष का विषय है कि राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण (RSLSA) के तत्वावधान में जयपुर स्थित राजस्थान इंटरनेशनल सेंटर (RIC) के मुख्य सभागार में आयोजित ‘साइबर सुरक्षा: जागरूकता, संरक्षण और न्याय तक समावेशी पहुंच’ विषयक तीन दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन के दौरान अलवर के दो प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को राष्ट्रीय स्तर पर सम्मानित किया गया।
विशेष रूप से दिव्यांग बच्चों के लिए आयोजित राज्य स्तरीय खेलकूद प्रतियोगिता RSLSA स्पोर्ट्स फॉर अवेयरनेस – उड़ान 2.0 में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले अलवर के होनहार खिलाड़ी आकाश पुत्र राजेंद्र और अभय पुत्र सलीम खान को इस गरिमामय मंच पर पुरस्कृत किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि न्यायमूर्ति सूर्य कांत, न्यायाधीश, उच्चतम न्यायालय एवं भारत के माननीय मुख्य न्यायाधीश द्वारा इन बच्चों को उनकी इस असाधारण उपलब्धि और खेल कौशल के लिए अपने कर-कमलों से पुरस्कार प्रदान कर प्रोत्साहित किया गया।
इस पुरस्कार वितरण समारोह के दौरान राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, राजस्थान उच्च न्यायालय के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश व RALSLA के कार्यकारी अध्यक्ष न्यायमूर्ति संजीव प्रकाश शर्मा, तथा उच्चतम न्यायालय एवं राजस्थान उच्च न्यायालय के अन्य न्यायाधीशों की विशिष्ट उपस्थिति रही।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, अलवर के सचिव ने इस गौरवपूर्ण उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए बताया कि राष्ट्रीय सम्मेलन जैसे प्रतिष्ठित मंच पर अलवर के बच्चों का सम्मानित होना न केवल जिले बल्कि संपूर्ण न्याय क्षेत्र के लिए एक मिसाल है। यह समाज में दिव्यांग बच्चों की प्रतिभा को निखारने और युवाओं में विधिक चेतना व अनुशासन के प्रसार को नई दिशा प्रदान करेगा।
यह ऐतिहासिक अवसर देशभर से आए विधिक, न्यायिक एवं प्रशासनिक क्षेत्र के दिग्गजों की मौजूदगी में संपन्न हुआ, जिसने अलवर के इन खिलाड़ियों के आत्मविश्वास को नई ऊंचाइयां दी हैं।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, अलवर ने दोनों खिलाड़ियों के उज्ज्वल एवं स्वर्णिम भविष्य की मंगलकामना करते हुए इस सफलता को जिले के खेल इतिहास में एक स्वर्णिम अध्याय बताया है।